अगर बिकने पे आ जाओ तो, घट जाते हैं दाम अक़सर , न बिकने का इरादा हो, तो क़ीमत और बढ़ती है |


Zindagi Shayari / Wednesday, March 1st, 2017

अगर बिकने पे आ जाओ तो,
घट जाते हैं दाम अक़सर ,
न बिकने का इरादा हो,
तो क़ीमत और बढ़ती है |

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